
सक्ती। लकड़ी तस्करों ने मुखबिरी किए जाने के संदेह में एक युवक की जमकर पिटाई करते हुए आरी से उसका गला रेतकर उसकी हत्या का प्रयास किया। प्रार्थी द्वारा सक्ती पुलिस को सूचित किए जाने के बाद एसपी के आदेश पर तत्काल चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके विरूद्ध विविधत कार्यवाही की गई है और मामले में जब्त 14 नग लकड़ी के गोले को वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार 2 अप्रैल की दोपहर आरोपी भरत लाल भारद्वाज पिता पंचराम आयु 39 वर्ष, अनिल कुमार पिता पंचराम भारद्वाज 30 वर्ष, श्रीमती पदमा भारद्वाज पति भरत लाल, 38 वर्ष सभी साकिन- चारपारा खरसिया और एक अपचारी बालक विगत कई दिनों से लकड़ी तस्करी के गोरखधंधे में लिप्त थे। इन्हें संदेह था कि सिंगशरा निवासी संतोष दिव्य उनकी मुखबिरी कर रहा है। इसी संदेह के आधार पर उन्होंने एकराय होकर संतोष दिव्य के घर जाकर उसके साथ गाली गलौज करते हुए मारपीट की और हेक्साब्लेड से गला रेतकर जान से मारने का प्रयास भी किया। प्रार्थी संतोष दिव्य ने सक्ती थाने में इसकी रिपोर्ट दर्ज कराई।
मामले को विवेचना में लेते हुए सक्ती पुलिस अनुविभागीय अधिकारी मनीष कुंवर ने पुलिस अधीक्षिका अंकिता शर्मा को घटना से अवगत कराया, जिसके उपरांत एसपी अंकिता शर्मा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दिशा निर्देश दिए, जिस पर पुलिस ने उक्त चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से आरी हेक्साब्लेड को जब्त कर लिया, वहीं उक्त लकड़ी तस्करों द्वारा पिकअप वाहन क्रमांक सीजी 12 एएन 7010 में अवैध रूप से काटकर ले जाते लकड़ी के 14 नग गोलों को भी जब्त कर वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है। इस कार्रवाई में थाना सक्ती से एएसआई माननेवार, एचसी धृतलहरे, अश्वनी सिदार, आरक्षक मनोज, एकेश्वर, बृजलाल, शामिल का महत्वपूर्ण योगदान रहा।




