सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा में 31 अक्टूबर को हुए नवजात शिशु की मौत को लेकर मिशन चौक में किया गया धरना प्रदर्शन

मालखरौदा। मालखरौदा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में विगत 31 अक्टूबर को एक नवजात शिशु की मौत के बाद दोषी कर्मचारियों के विरूद्ध कार्यवाही करने और घटना की जांच की मांग को लेकर क्षेत्र के युवाओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने एसडीएम को 15 सूत्रीय मांगों को लेकर एक ज्ञापन सौंपा।
सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा में पदस्थ बी.एम.ओ./प्रभारी बी.एम.ओ. सहित समस्त स्टाप को बरखास्त एवं निलंबित किया जाने, डॉक्टर अनुज साहू जो कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा में पदस्थ है किन्तु इनके द्वारा स्वंम का लाईफ लाईन हॉस्पीटल अपने गृहग्राम परसदा (हसौद) में संचालित किया जा रहा है जिसके वजह से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा से हमेशा नदारद रहता है। जिन्हे बर्खास्त किया जावे एवं उनके द्वारा संचालित लाईफ लाईन हॉस्पीटल का लाईसेंस रद्द किया जावे।
सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि समान्य जानकारी पुछे जाने पर उत्तेजित होकर मां बहन की भद्दी-भद्दी गाली-गलौच करने वाले एवं स्वास्थ्य केन्द्र में रखी चाकू को पकड़ कर जान से मारने और स्वास्थ्य केन्द्र से चले जाने का धमकी देने वाले स्टाप तरुण साहू के विरुद्ध अपराधिक प्रकरण दर्ज किया जावे। नर्स की लापरवाही के वजह से नवजात शिशु की मृत्यू एवं मां और बच्ची को निर्वस्त्र नग्न अवस्था में छोड़ कर भागने वाली नर्स ममता बड़ा के विरूद्ध अपराधिक प्रकरण दर्ज किया जावे। जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा दिनांक 09.11.2024 को जारी आदेश कमाँक 2594 पुर्णतः अन्यायपूर्ण है अतः डॉ. अनुज साहू चिकित्सा अधिकारी को बर्खास्त किया जावे। दोषी चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनुज साहू को बचाने के नियत से जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा दिनांक 09.11.2024 को जारी आदेश क्रमांक 2596 के तहत् डॉ. राहुल रात्रे चिकित्सा अधिकारी को मुलपद स्थापना से अस्थाई कार्य करने आदेशित किया गया है जो पुर्णतः डॉ. राहुल रात्रे चिकित्सा अधिकारी के लिए अन्यायपूर्ण है।सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा जिला सक्ती छ. ग. में फुल प्रभावशील बी.एम.ओ. को पदस्थ किया जावे। यह कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा में स्त्री रोग विशेषज्ञ, पीडियाट्रीशियन, इंटर्निस्ट, सिजेरियन, सर्जन, फिजिशियन, आर्थोलॉजिस्ट, एनेस्थिसियोलॉजिस्ट, ओटोलरींगोलॉजिस्ट, गायनकोलॉजिस्ट, कॉर्डियोलाजिस्ट को पदस्थ किया जावे। लंबे समय से दुसरे जिलो में अटैच स्टाप नर्स को वापस मूल स्थान पर लाया जावे। ओ.पी.डी. निर्धारित समय पर संचालिज नही हो रही है अतः सुबह-शाम ओ.पी.डी. संचालित किया जावे।ईलाज के दौरान उपयोग में लाये जाने वाला स्केलपेल, केली संदंह, सुई धारक, अल्ट्रासोनिक स्केलपेल, कैंची, सक्शन ट्यूब, तौलिया क्लैप, कैची, आरी इत्यादी उपकरण रोगाणुयुक्त है जिन्हे बदला जावे।
सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि प्रसव कक्ष को रोगाणुरहित स्वच्छ एवं उपकरणो सहित ऑपरेशन सुविधा उपलब्ध करायी जावे। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा में 10 नग वेंटिलेटर बेड सुविधा उपलब्ध कराया जावे। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मालखरौदा में स्थानीय पदस्थ कर्मचारीओं का स्थानांतरण कर अन्य सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में किया जावे। मरीजो के लिए पर्याप्त बेड एवं कम्बल सुविधा नही है, अपर्याप्त रूप से उपयोग में लाये जाने वाली बेड एवं कम्बल इन्फेक्शन युक्त है अतः नयी बेड एवं कम्बल उपलब्ध कराया जावे। हॉस्पिटल परिसर में एक पुछताछ कराया जावें। केन्द्र का निमार्ण। मरीजो को उपचार पाने के लिए लम्बे समय तक डॉक्टर नर्स एवं स्टॉप का इंतजार करना पड़ता है। अतः मरीजो का त्वरीत उपचार/ईलाज प्रदान किया जावे। पीड़ित परिवार को 25 लाख का मुआवजा दिया था।
सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि 15 दिवस के अन्तर्गत दण्डात्मक कार्यवाही किया जावे अन्यथ। की स्थिति में क्षेत्रवासी जिला स्तरीय जन आन्दोलन के लिए विवश होंगे इस अवसर पर बड़ी संख्या में क्षेत्र के जागरूक नागरिक धरना प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे थे तो वही सुरक्षा की दृष्टि से थाना प्रभारी राजेश पटेल, एस आई सी एल कंवर तथा अन्य पुलिस वाले उपस्थित थे।




