चंद्रपुर विधायक रामकुमार यादव ने प्रदेश सरकार पर लगाया वादाखिलाफी का आरोप, कलेक्टोरेट के सामने शुरू किया अनिश्चितकालीन आंदोलन

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कहा- इंदिरा आवास के हितग्राहियों को नि:शुल्क रेत दिए जाने का सरकार ने किया था वादा, लेकिन वादे के नाम पर हो रहा छलावा
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मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा अनिश्चितकालीन आंदोलन : विधायक यादव
सक्ती। विधानसभा सत्र के दौरान प्रदेश की भाजपा सरकार द्वारा की गई घोषणा के मुताबिक इंदिरा आवास के हितग्राहियों को नि:शुल्क रेत उपलब्ध कराये जाने के वायदे से सरकार मुकर गई है। सरकार को इसी वादाखिलाफी की याद दिलाने को लेकर हमने कलेक्टर कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू कर दिया है। उक्त बातें चंद्रपुर विधायक रामकुमार यादव ने कलेक्टोरेट के समक्ष आयोजित धरनास्थल पर कही।
चंद्रपुर विधायक रामकुमार यादव ने आज प्रदेश सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए मोर्चा खोल दिया है। कलेक्टर कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन हड़ताल पर डटे विधायक रामकुमार यादव ने आगे कहा कि विधानसभा सत्र के दौरान छग सरकार ने इंदिरा आवास के हितग्राहियों के लिए नि:शुल्क रेत उपलब्ध कराने का वायदा किया था, लेकिन आज सब कुछ इसके विपरीत हो रहा है। उन्होंने कहा कि हितग्राहियों को रेत दिए जाने के नाम जमकर वसूली की जा रही है। इंदिरा आवास के ऐसे गरीब, किसान हितग्राही जब रेत लेकर आते हैं तो इनके वाहनों को रोककर जिला प्रशासन के अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा अवैध वसूली की जाती है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में उनके द्वारा कलेक्टर एवं एसपी से मिलकर उन्हें वस्तुस्थिति से अवगत भी कराया गया था।
विधायक श्री यादव ने आगे कहा कि रेत की कीमत में बढ़ोत्तरी कर दी गई है, जिससे गरीब किसान हितग्राहियों को नि:शुल्क रेत की बजाय दुगुनी कीमत चुकानी पड़ रही है, वहीं उद्योगपतियों के मकान या व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के निर्माण के लिए हाईवा व बड़े बड़े पोकलेन में रेत की ट्रांसपोर्टिंग जा रही है, लेकिन इनके विरूद्ध कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है, क्योंकि इन्हें अधिकारियों-कर्मचारियों का संरक्षण मिला हुआ है। उन्होंने कहा कि कार्रवाई के नाम पर सिर्फ गरीबों पर नजरें टिकी हुई हैं।
धरनास्थल पर चंद्रपुर विधायक रामकुमार यादव ने मीडिया कर्मियों से कहा कि प्रदेश सरकार को याद दिलाने यह आंदोलन शुरू किया गया है। या तो सरकार अपने वादों को पूरा करे या माफी मांगे और स्वीकार कर ले कि रेत का इस्तेमाल केवल उद्योगपतियों या पूंजीपतियों के लिए किया जाएगा, गरीबों के लिए नहीं। उन्होंने कहा कि जब तक सरकार हमारी मांगें पूरी नहीं करती तब तक अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी रहेगा।




