हसौद थाना द्वारा शासकीय हाई स्कूल हसौद के बच्चों को साइबर फ्राड, यातायात नियमों और नशा मुक्ति को लेकर किया गया जागरूक

सक्ती। पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा (भा. पु. से.) का कहना है कि, आज के बच्चे ही बनाएँगे कल का जि़ला, यदि एक बच्चा जागरूक होगा तो वो अपने परिवार, पड़ोस, मोहल्ले और गांव को भी जागरूक करेगा। आज कल टेक्नोलॉजी की चीज़ों में माँ-पिताजी अपने बच्चों से ही जानकारी लेते है, इस स्थिति में फ्रॉडस्ट्र अगर फ्रॉड करने का प्रयास करेगा तो बच्चे अपने माता पिता, पड़ोसी को बता सकते हैं के फेक है।
पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा (भा.पु.से.) द्वारा एक अभियान चलाया जा रहा है जिसमे साइबर फ्राड, यातायात नियमों और नशा से दूर रहने जानकारी देकर जागरूक किया जा रहा है। इसी कड़ी में दिनांक 14.10.2024 को ग्राम हसौद के शासकीय हाई स्कूल हसोद मे साइबर फ्राड व ऑनलाइन मे होने वाली सभी प्रकार के फ्राड जैसे – किसी भी व्यक्ति को जान कर अनजाने मे ओटीपी नही देना किसी भी अनजान के साथ अपनी फोटो शेयर न करना और दोस्ती न करना लालच मे न पड़े कुछ भी फ्री नही है ऐसे कॉल से सावधान रहे। एप स्टोरे से ही एप एवं गेम डाउनलोड करे।
अनचाहे लिंक में कदापि क्लिक न करे फोन हेक होगा।
टेलीग्राम और शेयर ट्रेडिंग से सावधान सोशल मिडिया का उपयोग करते समय हमेशा सावधानी बरतना है अपने सोशल मिडिया अकाउंट को हमेशा प्रायवेशी रखना है अनजान व्यक्ति को अपना फोटो या अन्य अपना निजी जानकारी नहीं भेजना है फेसबुक, इंस्टाग्राम या अन्य सोशल मिडिया में अनजान व्यक्ति से दोस्ती ना करें। डिजिटल अरेस्ट, अनजान नम्बर से आये वीडियो कॉलिंग से दूर रहे तथा इसी तरह ट्रैफिक नियमों के संबंध में — गाड़ी चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करे । नशे मे वाहन न चलाये लोगो को भी समझाये । गाड़ी चलाते समय सीट बेल्ट का उपयोग जरूरी है । गाड़ी चलाते वक्त किसी दूसरी गाड़ी को ओवरटेक न करे। गाड़ी चलाते वक्त हेलमेट जरूर पहने । गाड़ी हमेशा धीरे चलाये केवल पांच मिनट का ही अंतर है। नाबालिग वाहन न चलाये वाहनों का बीमा होना आवश्यक है मोटर सायकल में ट्रिपलिंग ना चले कही भी एक्सीडेंट होने पर तुरंत 112 या 108 मे $फोन करके सूचना दें ।
इसी तरह नशा मे होने वाले अपराध जैसे रोड़ एक्सीडेंट, मारपीट के मामले, बलात्कार और हत्या जैसे गंभीर अपराध करते है, जिनको नशा करने की लत लग गई उसको आर्थिक नुकसान, शारीरिक क्षति और सामाजिक प्रतिष्ठा मान सम्मान नहीं मिल पाना नशा का ही दुषपरिणाम है। इस अभियान मे स्कूल के बच्चों भी पुलिस का सहयोग करते हुए भारी उत्साह के साथ इस जागरूकता कार्यक्रम सम्मिलित हुए।




